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दिल्ली दिव्यांग शिक्षक संघ ने सरकार से रखी अपनी मांग 
September 24, 2019 • इरफ़ान राही

नयी दिल्ली , दिल्ली की कविता कॉलोनी ( नांगलोई) में दिल्ली दिव्यांग शिक्षक संघ(DDTA) की दिव्यांग अध्यापको की मीटिंग संघ के सीनियर वाईस प्रेजिडेंट कर्मवीर की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। दिल्ली दिव्यांग शिक्षक संघ के अध्यक्ष जय सिंह अहलावत ने विस्तार से दिव्यांग शिक्षकों की समस्याओं की तरफ ध्यान दिलाते हुए बताया कि दिल्ली सरकार द्वारा बनाये गए नई इमारतें भी सरकारी भाषा में बाधारहित नहीं है।

जिसके चलते शिक्षकों को चार मंजिलें भवनों में अलग अलग मंजिलों पर पढ़ाने जाने के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। महासचिव सन्दीप तोमर ने समस्याओं का निराकरण के लिए किए जाने वाले उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला। मीटिंग के मुख्य एजेंडे "दिव्यांग शिक्षकों को पदोन्नति में आरक्षण" पर उन्होंने अपना संकल्प व्यक्त किया।मीटिंग में अशोक, निजामुद्दीन कुरैशी, विद्या सागर कौशिक, राकेश सक्सेना, प्रमोद बंसल, अंजना शर्मा, अनिता यादव,उपेंद्र सिंह, रवि दत्त, आदित्य नारायण, विनोद शंकर तिवारी, दलबीर,  के.के. भारद्वाज,परशुराम,रत्नेश चंद द्विवेदी इत्यादि शिक्षक उपस्थित थे। मीटिंग में दिव्यांग श्रेणी से चयनित अध्यापकों ने उनके साथ विद्यालय प्रमुखों द्वारा किये जाने वाले दुर्व्यवहार से परिचित कराया। कुछ साथियों ने अनावश्यक और अनुचित कार्यभार डालने की वेदना की भी उठाया। कार्यक्रम के अध्यक्ष शिक्षक करमवीर ने दिव्यांग शिक्षकों के पदोन्नति में आरक्षण को ख़त्म किये जाने को दुखद बताया ।  

DDTA के प्रेसिडेंट जयसिंह अहलावत ने  महासचिव सन्दीप तोमर और सीनियर वाईस प्रेसीसेन्ट करमवीर के प्रयासों की सराहना करते हुए आश्वासन दिया कि  दिव्यांग शिक्षक साथियों की समस्याओं से जल्दी ही शिक्षा मंत्री से मिलकर उनके सामने रखा जाएगा। सभी ने एकमत से संघ द्वारा लिए गये निर्णयों पर मुहर लगाई। जयसिंह अहलावत ने आश्वासन दिया कि दिव्यांग शिक्षक भाइयों की हर समस्या का समाधान किया जाएगा।  

 मीटिंग  में जल्दी ही वेतनमान(16290, 18460,18750) सही करने, MACP केस में acr को गुड स वेरी गुड कराने, दिव्यांगो के लिए पदोन्नति में आरक्षण सहित जबरन रिटायर की नीति से दिव्यांग साथियों को बाहर रखने सहित कई अहम् फैसले लिए गए, और इन्हें पूरा करने के तरीको पर बातचीत की गयी। निजामुदीन कुरैशी, विद्या सागर और अन्य कई साथियों ने भी अपने विचार व्यक्त किये।